जंतर-मंतर पर शांतिपूर्ण छात्र आंदोलन पर लाठीचार्ज लोकतंत्र की हत्या है, शिक्षा व्यवस्था पूरी तरह ध्वस्त हो चुकी है: मोहम्मद एजाज़ अकरम

बगहा। युवा राष्ट्रीय जनता दल (राजद) बिहार अल्पसंख्यक प्रकोष्ठ के पूर्व प्रदेश महासचिव मोहम्मद एजाज़ अकरम ने बीते दिनों नई दिल्ली के जंतर-मंतर पर नीट (NEET) पेपर लीक, बढ़ती बेरोजगारी, प्रतियोगी परीक्षाओं में लगातार हो रही धांधली तथा युवाओं के भविष्य की सुरक्षा की मांग को लेकर शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे छात्रों पर पुलिस द्वारा किए गए बर्बर लाठीचार्ज की तीखी निंदा की है।
उन्होंने कहा कि आज देश का युवा अपने भविष्य को लेकर गहरी चिंता और असुरक्षा के माहौल में जी रहा है। एक ओर बार-बार पेपर लीक, परीक्षाओं में धांधली और वर्षों तक नियुक्तियां लंबित रहने से युवाओं का भविष्य बर्बाद किया जा रहा है, वहीं दूसरी ओर जब छात्र लोकतांत्रिक तरीके से अपनी आवाज़ बुलंद करते हैं तो उन्हें लाठियों से कुचलने का प्रयास किया जाता है। यह लोकतंत्र पर सीधा हमला है और संविधान की भावना के विरुद्ध है।
मोहम्मद एजाज़ अकरम ने आरोप लगाया कि केंद्र की भाजपा सरकार शिक्षा, रोजगार और युवाओं के भविष्य की रक्षा करने में पूरी तरह विफल साबित हुई है। देश में परीक्षा माफियाओं का मनोबल बढ़ा है, जबकि ईमानदारी से मेहनत करने वाले लाखों छात्र-युवा खुद को ठगा हुआ महसूस कर रहे हैं। सरकार जवाबदेही से भाग रही है और अपनी नाकामियों को छिपाने के लिए छात्रों की आवाज़ दबाने का रास्ता अपना रही है।
उन्होंने मांग की कि नीट पेपर लीक सहित सभी परीक्षा घोटालों की सर्वोच्च स्तर पर निष्पक्ष एवं समयबद्ध जांच कराई जाए, दोषियों को कठोरतम सजा दी जाए, लाठीचार्ज के लिए जिम्मेदार अधिकारियों के विरुद्ध कार्रवाई हो तथा घायल छात्रों को न्याय और उचित मुआवजा दिया जाए।
श्री अकरम ने कहा कि राष्ट्रीय जनता दल हमेशा छात्रों, युवाओं, किसानों, गरीबों और वंचित वर्गों की आवाज़ बनकर संघर्ष करती रही है और आगे भी हर लोकतांत्रिक लड़ाई में उनके साथ मजबूती से खड़ी रहेगी। युवाओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ किसी भी कीमत पर स्वीकार नहीं किया जाएगा।
उन्होंने केंद्र सरकार से नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान से तत्काल इस्तीफा देने की मांग की और कहा कि जब तक देश के युवाओं को न्याय नहीं मिलता, तब तक राजद उनकी आवाज़ को हर मंच पर बुलंद करती रहेगी।