मंडल रेलवे उपयोगकर्ता परामर्शदात्री समिति के सदस्य ने सप्तक्रांति एक्सप्रेस ट्रेन के समस्तीपुर तक विस्तार करने का विरोध जताया।

बगहा।मंडल रेलवे उपयोगकर्ता परामर्शदात्री समिति के सदस्य राकेश सिंह ने सप्तक्रांति एक्सप्रेस ट्रेन के समस्तीपुर तक विस्तार की किसी भी कवायद का विरोध किया है। श्री सिंह ने मीडिया को बताया कि समस्तीपुर की सांसद शाम्भवी कुमारी ने सप्तक्रांति एक्सप्रेस ट्रेन का विस्तार समस्तीपुर तक किये जाने की माँग की है जो बिल्कुल अव्यवहारिक है और चम्पारण के रेल यात्रियों के हितों के खिलाफ है। सप्तक्रांति की ज़ब शुरुआत हुई थी तब तत्कालीन रेलमंत्री नीतीश कुमार ने कहा था कि यह ट्रेन विशेष रूप से चम्पारण के लिए चलाई जा रही है। समस्तीपुर से हाजीपुर होते हुए दिल्ली तक उसीवक्त सम्पर्क क्रांति ट्रेन दी गयी थी।
समस्तीपुर रेल डिवीजन का मुख्यालय है वहाँ से दिल्ली के लिए राजधानी, वैशाली, सम्पर्क क्रांति, स्वतंत्रता सेनानी, आम्रपाली, हमसफ़र, अवध आसाम, गरीब रथ, उदयपुर सिटी एक्सप्रेस जैसी दर्जन भर एक्सप्रेस ट्रेनें प्रस्थान करती हैं जबकि नरकटियागंज रूट से प्रतिदिन सिर्फ सप्तक्रांति और सत्याग्रह एक्सप्रेस ट्रेने ही हैं जिसमें यात्रियों को टिकट मिलने में काफी मशक्क़त उठानी पड़ती है।
डीआरयुसीसी सदस्य श्री सिंह ने आगे बताया किअगर सप्तक्रांति ट्रेन का विस्तार समस्तीपुर तक किया गया तो चम्पारण के यात्रियों को सीटें मिलने में दिक्क़त होगी। यह इस मार्ग से प्रतिदिन चलने वाली एकमात्र सुपरफ़ास्ट ट्रेन है। समस्तीपुर सांसद को यह माँग करने से पहले हाजीपुर रूट से चलने वाली सम्पर्क क्रांति और वैशाली एक्सप्रेस को नरकटियागंज रूट से चलाने की माँग करनी चाहिए तब जाकर सप्तक्रांति के विस्तार की माँग करनी चाहिए। सप्तक्रांति ट्रेन के विस्तार की पहल की गयी तो चम्पारण के यात्री आंदोलन को मजबूर होंगे। इस ट्रेन का विस्तार न हो इसके लिए बाल्मीकिनगर, बेतिया और मोतिहारी सांसद को भी सजग रहना होगा।