सिवान में पत्रकार को अपराधियों ने मारी गोली

*सिवान में पत्रकार को अपराधियों ने मारी गोली*
*बिहार प्रेस मेन्स यूनियन के प्रदेश अध्यक्ष अनमोल कुमार ने घटना पर गंभीर आक्रोश जताते हुए अपराधियों को तत्काल गिरफ्तार करने की मांग सरकार से की है।*
रिपोर्ट अनमोल कुमार
सिवान। बिहार के सिवान जिले में बंदूकधारी अपराधियों ने एक पत्रकार रमेश सिंह को गोली मार दी। गोली उनके पेट में लगी है। घायल पत्रकार को इलाज के लिए सिवान के अस्पताल में भर्ती कराया गया है जहां भी जीवन मौत से संघर्ष कर रहें है।
श्री सिंह एक हिंदी दैनिक के स्थानीय रिपोर्टर के रूप में कार्यरत है। प्राप्त जानकारी के अनुसार रमेश सिंह दिन रात एक शादी समारोह से लौट रहे थे की पांच दुखी बाजार के पास दो मोटरसाइकिल पर सवार अपराधियों ने उन्हें घेर लिया और उन पर गोलियां चला दी। एक गोली उनके पेट में लगी। पत्रकार रमेश वहीं गिर पड़े। राजस्थानी लोगों की मदद से उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया। घटना की जानकारी मिलते हैं सिवान के एसपी पूरण कुमार झा अस्पताल पहुंचे और घायल पत्रकार रमेश से घटना का पूरा ब्यौरा लिया।
एस पी पूरन झा के अनुसार घटना का कारण आपसी रंजिश बताया जाता है। इधर, घायल पुरस्कार रमेश ने पुलिस को बयान दिया है कुछ दिन पूर्व एक स्थानीय अपराधी एक मामले में पुलिस के पास पैरवी के लिए उनसे आग्रह किया था। रमेश ने अपराधी के आग्रह को ठुकरा दिया और पैरवी नहीं की। इस कारण वह अपराधी जेल चला गया। उसने रमेश को मजा चखना की धमकी दी थी। जेल से छूटने के बाद अपराधी दुबई चला गया। रमेश ने आशंका व्यक्त किया कि अपराधी के इशारें पर ही उसके लोगों ने रमेश पर हमला किया है।
इधर पत्रकार पर हुए प्राण घातक हमले को लेकर पत्रकार संगठनों में काफी रोष है। इंडियन फेडरेशन का वर्किंग जर्नलिस्ट से जुड़े बिहार प्रेस मेन्स यूनियन के प्रदेश अध्यक्ष अनमोल कुमार ने घटना पर गंभीर आक्रोश जताते हुए अपराधियों को तत्काल गिरफ्तार करने की मांग सरकार से की है।
बिहार श्रमजीवी पत्रकार यूनियन के प्रदेश अध्यक्ष , सीनियर क्राइम रिपोर्टर एस एन श्याम ,और ग्रामीण पत्रकार एसोसिएशन के तिरहुत प्रमंडल के अध्यक्ष प्रो. अरविन्द नाथ तिवारी ने पत्रकार रमेश सिंह पर हुए कातिलाना हमले को प्रेस की आजादी गंभीर हमला बताया है,घटना की निंदा की है। वहीं राज्य के गृह मंत्री सम्राट चौधरी से पत्रकारों की सुरक्षा के लिए बिहार में पत्रकार सुरक्षा कानून लागू किए जाने की मांग की है।