शांतिपूर्ण, सौहार्दपूर्ण एवं सुरक्षित वातावरण में सम्पन्न कराएं सरस्वती पूजा : जिला पदाधिकारी

*शांतिपूर्ण, सौहार्दपूर्ण एवं सुरक्षित वातावरण में सम्पन्न कराएं सरस्वती पूजा : जिला पदाधिकारी।*
*बिना वैध लाइसेंस के किसी भी स्थान पर न तो मूर्ति का अधिष्ठापन हो और ना ही विसर्जन जुलूस निकले, इसे हर हाल में सुनिश्चित करें।*
*असामाजिक तत्वों के विरुद्ध करें निरोधात्मक कार्रवाई।*
*जिला पदाधिकारी की अध्यक्षता में बैठक सम्पन्न।*
*सोशल मीडिया की निगरानी अच्छे तरीके से करने का निर्देश।*
*अफवाह फैलाने वाले लोगों को चिन्हित करते हुए दंडनात्मक कार्रवाई करने का निर्देश।*
बेतिया। सरस्वती पूजा/वसंत पंचमी पर्व को शांतिपूर्ण, सौहार्दपूर्ण एवं सुरक्षित वातावरण में सम्पन्न कराने को लेकर जिला प्रशासन पूरी तरह सतर्क हो गया है। इसी क्रम में आज समाहरणालय सभागार में जिला पदाधिकारी तरनजोत सिंह की अध्यक्षता में आवश्यक तैयारी एवं विधि-व्यवस्था संधारण को लेकर एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक आयोजित की गई।
बैठक में जिलाधिकारी ने सभी प्रशासनिक एवं पुलिस पदाधिकारियों को पूरी तरह सक्रिय एवं अलर्ट रहते हुए अपने-अपने दायित्वों के निर्वहन का निर्देश दिया तथा कहा कि जिले में सरस्वती पूजा हर हाल में शांतिपूर्ण वातावरण में सम्पन्न कराई जाय। उन्होंने स्पष्ट किया कि लॉ एंड ऑर्डर सर्वोच्च प्राथमिकता है और इसमें किसी भी प्रकार की छोटी चूक भी बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
जिलाधिकारी ने निर्देश दिया कि सभी अनुमंडल पदाधिकारी एवं अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी ड्रोन कैमरे के माध्यम से अपने-अपने क्षेत्रों में सतत निगरानी सुनिश्चित करेंगे। उन्होंने कहा कि बिना वैध लाइसेंस के किसी भी स्थान पर न तो मूर्ति का अधिष्ठापन किया जाएगा और न ही विसर्जन जुलूस निकालने की अनुमति दी जाएगी। सभी आयोजकों को लाइसेंस में निहित शर्तों का शत-प्रतिशत अनुपालन सुनिश्चित करना होगा। बैठक में यह भी स्पष्ट किया गया कि डीजे पर पूर्णतः प्रतिबंध रहेगा तथा लाउडस्पीकर के उपयोग को गृह विभाग द्वारा जारी दिशा-निर्देशों के अनुरूप ही विनियमित किया जाएगा।
जिलाधिकारी ने पूजा पंडालों में सीसीटीवी कैमरे की व्यवस्था, भीड़ नियंत्रण हेतु स्वयंसेवकों की तैनाती, निर्धारित मार्ग से ही विसर्जन जुलूस निकालने तथा बड़े पंडालों को अग्निरोधी बनाने का निर्देश दिया। उन्होंने यह भी कहा कि पंडालों में अग्निशमन यंत्र, सुरक्षित विद्युत कनेक्शन, प्रवेश एवं निकास के लिए अलग-अलग मार्ग की व्यवस्था अनिवार्य रूप से सुनिश्चित की जाए। विवादास्पद झांकी, कार्टून, आपत्तिजनक पोस्टर, स्लोगन एवं भड़काऊ सामग्री, अश्लील नृत्य-गानों पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने का निर्देश दिया गया।
बैठक में अफवाहों पर विशेष सतर्कता बरतने का निर्देश देते हुए जिलाधिकारी ने सोशल मीडिया की सघन निगरानी करने तथा अफवाह फैलाने वाले तत्वों को चिन्हित कर उनके विरुद्ध सख्त दंडात्मक कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा। साथ ही अफवाहों का त्वरित गति से खंडन करने हेतु भी निर्देश दिया। उन्होंने अधिकारियों को सूचना तंत्र को मजबूत रखने, समय पर सूचना संग्रह करने और सूचना के आधार पर त्वरित निरोधात्मक कार्रवाई करने का निर्देश दिया। इसके साथ ही शरारती एवं असामाजिक तत्वों की पहचान कर उनके विरुद्ध बंध-पत्र एवं अन्य निरोधात्मक कार्रवाई करने को कहा गया।
विसर्जन के दौरान सुरक्षा को लेकर जिलाधिकारी ने निर्देश दिया कि खतरनाक घाटों पर नाव एवं नाविकों की व्यवस्था की जाए, आवश्यकतानुसार बैरिकेडिंग कराई जाए तथा भीड़ नियंत्रण एवं आपात स्थिति से निपटने के लिए एसडीआरएफ की टीम की प्रतिनियुक्ति सुनिश्चित की जाए। उन्होंने कहा कि जिले के जिन थाना क्षेत्रों में अब तक शांति समिति की बैठक आयोजित नहीं हुई है, वहां तत्काल बैठक कर आयोजकों को प्रशासनिक दिशा-निर्देशों से अवगत कराया जाए।
बैठक में वरीय पुलिस अधीक्षक बेतिया डॉ. शौर्य सुमन एवं पुलिस अधीक्षक बगहा श्री रामानंद कौशल ने लाइसेंस निर्गत होने के बाद ही पूजा पंडाल एवं विसर्जन की अनुमति देने, उपद्रवियों के विरुद्ध बाउंड डाउन, धारा 126, 135 सहित अन्य सुसंगत धाराओं के तहत कार्रवाई, डीजे पर सख्त रोक, अश्लील एवं भड़काऊ गीतों पर प्रतिबंध, चंदा वसूली पर रोक तथा ड्रोन व सीसीटीवी से निगरानी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। सभी एसडीएम एवं एसडीपीओ द्वारा विधि-व्यवस्था को लेकर अपने-अपने सुझाव भी प्रस्तुत किए गए।
इस अवसर पर वरीय पुलिस अधीक्षक डॉ. शौर्य सुमन, नगर आयुक्त नगर निगम बेतिया शिवाक्षी दीक्षित, उप विकास आयुक्त श्री काजले वैभव नितिन, अपर समाहर्ता विभागीय जांच कुमार रविन्द्र, अपर समाहर्ता-सह-जिला लोक शिकायत निवारण पदाधिकारी अनिल कुमार सिन्हा, एसडीएम सदर विकास कुमार, विशेष कार्य पदाधिकारी सुजीत कुमार सहित अन्य जिलास्तरीय पदाधिकारी उपस्थित रहे। वहीं बगहा एवं नरकटियागंज के एसडीएम, सभी एसडीपीओ, प्रखंड विकास पदाधिकारी, अंचलाधिकारी एवं सभी थानाध्यक्ष वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से बैठक में शामिल हुए।