राजकीयकृत मध्य विद्यालय बगहा-01:सेवानिवृत्ति पर शिक्षिका रंजना कुमारी चौधरी को दी गई भावभीनी विदाई।


बगहा। राजकीयकृत मध्य विद्यालय बगहा-01 के प्रांगण में शनिवार को शिक्षिका रंजना कुमारी चौधरी की सेवानिवृत्ति पर विदाई सह सम्मान समारोह का आयोजन किया गया।कार्यक्रम की अध्यक्षता प्रधानाचार्य अंजय कुमार एवं संचालन कन्या मध्य विद्यालय बगहा के प्राचार्य संजय कुमार ने किया।विदाई सह सम्मान समारोह में सर्वप्रथम शिक्षिका रंजना कुमारी के सेवानिवृत्ति पर विद्यालय परिवार, आगंतुक अतिथियों समेत शिक्षक,शिक्षिका एवं छात्रों ने उनके अनुशासित ,नैतिक और समर्पित शिक्षण कार्यकाल के लिए उन्हें फूल माला,शॉल और उपहार भेंटकर व शुभकामनाएं देकर आभार व्यक्त किया गया।विद्यालय के शिक्षकों एवं छात्राओं ने उनके सम्मान में स्वागत गीत एवं विदाई गीत प्रस्तुत किए।इस मौके पर सभी शिक्षक,शिक्षिका तथा छात्रों की आंखे नम हो गयी।विद्यालय के प्रधानाध्यापक अजय कुमार ने कहा कि शिक्षिका रंजना कुमारी चौधरी रा.म.विद्यालय बगहा में वर्ष 2003 से लेकर 2025 तक इस विद्यालय में अध्यापन कार्य के साथ छात्रों के सर्वांगीण विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।इनके शिक्षण कार्य में अनुशासन,नैतिकता और समर्पण का समावेश रहा,जिससे वे सभी की प्रिय बनी रही।विद्यालय परिवार इनके कार्यों को सदैव याद रखेगा।शिक्षिका रंजना कुमारी चौधरी के सेवानिवृत्ति पर इनके उज्ज्वल भविष्य के कामना के साथ ही ईश्वर से इनके स्वस्थ,खुशहाल जीवन व्यतीत करने की कामना करता हूं।सेवानिवृत शिक्षक भुवनेश्वर नाथ पाठक, दूधनाथ प्रसाद,उषा श्रीवास्तव ने कहा कि सेवानिवृत्ति विभागीय प्रक्रिया है। एक दिन सभी को इससे गुजरना होगा।लेकिन शिक्षिका रंजना कुमारी चौधरी ने अपने 31 साल के लंबे कार्यकाल में शिक्षा को सेवा का माध्यम बनाकर अपने दायित्वों का निर्वाह की साथ ही पाठ्यक्रम के साथ जीवन मूल्यों और संस्कारों का भी संवर्धन किया।उनकी कुशल कार्यक्षमता एवं उत्कृष्ट योगदान सभी के लिए प्रेरणास्त्रोत हैं। इनके सुखद भविष्य की कामना करते हैं।वहीं शिक्षिका रंजना कुमारी चौधरी ने विदाई सह समारोह के आयोजन को लेकर विद्यालय परिवार सहित     सभी आगंतुकों और अपने परिजनों का आभार व्यक्त की और कहा कि आज जब मैं सेवानिवृत्त हो रही हूँ,तो मेरे सामने वो सभी चेहरे आ रहे हैं। जिन्होंने मुझे इस मुकाम तक पहुंचाया है। मैंने सिर्फ पढ़ाया नहीं, बल्कि उनसे बहुत कुछ सीखा भी हूँ।मेरा मानना है कि शिक्षा ही सबसे बड़ा धन है,और इस धन को बाँटने का जो सुख है,वो अतुलनीय है। 31 वर्षों के मेरे कार्यकाल में विद्यालय के ये गलियारे और मेरे सहकर्मी हमेशा मेरे दिल में रहेंगे।अपने संबोधन के दौरान शिक्षिका  की आंखे नम हो गई।शिक्षिका रंजना कुमारी चौधरी के विदाई के मौके पर विद्यालय परिवार सहित सभी भावुक दिखे।मौके पर बीआरसी के लेखापाल गरीबनाथ,डाटा ऑपरेटर पुष्कर कुमार,शिक्षकों में ज्योत्सना कुमारी,सुमन कुमारी,विनीता कुमारी,रूपक कुमार,तमन्ना खातून,एकता कुमारी,संजय सहित अजित कुमार श्रीवास्तव,चंदन कुमार,आशीष कुमार,अखिलेश महतो,रिकी कुमारी,ममता कुमारी समेत विद्यालय के छात्र-छात्रा  उपस्थित थे।

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